Saturday, December 10निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

व्यापारियों व गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने की पौधरोपण कार्यक्रम की शुरूआत

  • नीम कॉरिडोर के दोनों तरफ पौधे लगाने का क्रम पांचवें दिन भी रहा जारी
    हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)।
    भद्रकाली क्षेत्र विकास सेवा समिति व हनुमानगढ़ सेवा समिति (भारत क्लब) की ओर से टाउन में भद्रकाली रोड पर तैयार किए जा रहे नीम कॉरिडोर के दोनों तरफ नीम के पौधे लगाने का क्रम शुक्रवार को पांचवें दिन भी जारी रहा। शुक्रवार सुबह पौधरोपण कार्यक्रम की शुरूआत टाउन के प्रेमनगर स्थित गुरुद्वारा गुरु नानकसर की प्रबंधक कमेटी व फूडग्रेन मर्चंेट्स एसोसिएशन संस्था के पदाधिकारियों व सदस्यों की ओर से नीम का पौधा लगाकर की गई। इस दौरान कुल 50 पौधे लगाए गए। इस मौके पर गुरुद्वारा गुरु नानकसर प्रेमनगर के प्रधान बलकरण सिंह, सेवादार कमलजीत सिंह, फूडग्रेन मर्चंेट्स एसोसिएशन संस्था अध्यक्ष सन्तलाल जिन्दल, पार्षद महादेव भार्गव, विजेन्द्र सार्इं आदि मौजूद रहे। इन्होंने समिति के इस कार्य को सराहनीय व अनुकरणीय बताते हुए कहा कि यह नीम के पौधे आने वाले समय में पेड़ बनकर हर किसी के लिए बड़े वरदान साबित होंगे। नीम कॉरिडोर से शहर व माता भद्रकाली मंदिर की तरफ जाने वाले मार्ग का सौंदर्यकरण तो होगा ही साथ ही शुद्ध वायु, आॅर्गेनिक खेती होगी। फसलें बीमारियों से बचेंगी। इसलिए शहर की प्रत्येक संस्था, व्यक्ति को आगे आकर इस महायज्ञ में आहुति देनी चाहिए। समिति के भगवान सिंह खुड़ी ने बताया कि चार लाख रुपए कीमत के नीम के दो हजार पौधे टाउन से भद्रकाली रोड पर लगाए जाएंगे। प्रथम नवरात्रों से शुरू हुआ पौधरोपण का कार्यक्रम नौ दिन यानि अंतिम नवरात्रा तक चलेगा। उन्होंने बताया कि कि राजस्थान के पाली में सुमेरपुर से जवाई बांध के बीच करीब 8 किलोमीटर मार्ग पर 960 नीम के पौधों से कॉरिडोर बना हुआ है जो आज भी गर्मी में लोगों को सुकून दे रहा है। उसी की तर्ज पर भद्रकाली क्षेत्र विकास सेवा समिति व हनुमानगढ़ सेवा समिति (भारत क्लब) की ओर से टाउन से भद्रकाली मंदिर तक नीम कॉरिडोर तैयार करने का बीड़ा उठाया गया है। इस मौके पर जोगिन्द्र सिंह, अमरजीत सिंह, सुखदेव सिंह, राजवीर सिंह, सुमनप्रीत सिंह, राजेंद्र सिंह, सुरजीत सिंह, जसवीर सिंह, प्रेम मेघवाल, विनोद वर्मा, नरेश शर्मा, डॉ. जगतार सिंह खोसा, सुशील जैन, डॉ. पुरुषोत्तम शर्मा, वेद प्रकाश गौतम, रियासत अली आदि मौजूद थे।