Thursday, December 1निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

राजस्व मंत्रालयिक कर्मचारियों का कलक्ट्रेट पर धरना-प्रदर्शन

  • कार्यभार के अनुपात में पदों का सृजन करने सहित संघ के 15 सूत्रीय मांगपत्र पर कार्रवाई करने की मांग
    हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)।
    कार्यभार के अनुपात में पदों का सृजन करने सहित संघ के 15 सूत्रीय मांगपत्र पर कार्रवाई करने की मांग को लेकर राजस्व मंत्रालयिक कर्मचारियों ने गुरुवार को राजस्थान राजस्व मंत्रालयिक कर्मचारी संघ के बैनर तले पूर्व घोषणानुसार जिला कलक्ट्रेट के समक्ष धरना देकर प्रदर्शन किया। धरना-प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री के नाम एडीएम को ज्ञापन सौंपा। संघ के जिलाध्यक्ष विशाल कुमार ने बताया कि राजस्थान राजस्व मंत्रालयिक कर्मचारी संघ के मांगपत्र के संबंध में मुख्यमंत्री की ओर से 3 अप्रेल 2022 को आरएएस अधिवेशन में उपखण्ड कार्यालयों को अधिक महत्वपूर्ण बनाए जाने की घोषणा के क्रम में विशिष्ट शासन सचिव राजस्व ग्रुप-1 विभाग की ओर से मंत्रालयिक सेवा के स्वीकृत कार्यरत एवं रिक्त पदों की सूचना चाही गई। संयुक्त शासन सचिव राजस्व ग्रुप-2 की ओर से उपखण्ड कार्यालयों में कार्यभार अनुसार मंत्रालयिक संवर्ग के पद सृजित करने के संबंध में राजस्व मण्डल कार्यालय से तीन बिन्दुओंकी सूचना चाही गई जो कि उपलब्ध नहीं करवाने पर पुन: स्मरण पत्र दिए जाने के उपरांत भी अभी तक राजस्व मंत्रालयिक कर्मचारियों की वाजिब मांग की सूचना राजस्व मण्डल की ओर से नहीं भिजवाई जा रही है। जबकि अन्य संगठनों की मांग पर औचित्यहीन पदों के सृजन की सूचना राजस्व मण्डल की ओर से तत्काल भिजवा दी जाती है। उन्होंने कहा कि राजस्व मंत्रालयिक कर्मचारी एक संभ्रात संवर्ग है परन्तु हमेशा ही राजस्व विभाग के मंत्रालयिक संवर्ग के साथ सौतेला व्यवहार किया जाता रहा है। उन्होंने राजस्व मण्डल से सूचना मंगवाकर राजस्व न्यायालयों में सुधार के लिए उपखण्ड कार्यालयों में कार्यभार के अनुसार पदों में वृद्धि करवाने की मांग की। जिला उपाध्यक्ष शोकिन ने कहा कि राजस्व विभाग (मिनी सचिवालय) के मंत्रालयिक कर्मचारियों की ओर से राज्य सरकार की विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर पहुंचाने एवं जिला स्तर से ब्लॉक/तहसील स्तर तक सभी विभागों पर नियंत्रण करने का कार्य किया जाता है। जिसमें सचिवालय की भांति अनुभाग होते हैं व प्रत्येक अनुभाग का प्रभारी होता है। इसलिए राजस्व विभाग के मंत्रालयिक कर्मचारियों को भी सचिवालय के समान पदनाम एवं वेतन भत्ते दिलाए जाएं। अन्य विभागों की भांति राजस्व विभाग के मंत्रालयिक कर्मचारियों को भी राज्य एवं अधीनस्थ भर्ती परीक्षाओं में 125 प्रतिशत आरक्षण देने के लिए कार्मिक विभाग को अनुशंषा भिजवाई जाए। राजस्व विभाग, उपनिवेशन व भुप्रबंध विभाग में नवनियुक्त कनिष्ठ सहायक का गृह जिला स्थानान्तरण किया जाए। तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार की अनुपस्थिति में कनिष्ठ कार्मिकों को चार्ज देने की जगह अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी को चार्ज दिया जाए।